चंडीगढ़। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मोहाली के वेस्टर्न टावर्स, जहां गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की टीमों ने सुबह छापेमारी की और जहां नौवीं मंजिल से नोटों से भरा बैग फेंका गया था, से अपने कथित संबंधों के आरोपों का कड़े शब्दों में खंडन किया है। इस समय शुक्राना यात्रा कर रहे मुख्यमंत्री मान ने कहा कि उनका उन लोगों से कोई संबंध नहीं है, जिन पर ईडी ने छापा मारा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसा लगता है कि यह छापा किसी पुरानी कंपनी से संबंधित है। उन्होंने यह भी कहा कि जांच एजेंसियां जहां चाहें वहां छापा मारने और तलाशी लेने के लिए स्वतंत्र हैं।
गौरतलब है कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की टीमों ने गुरुवार को पंजाब और चंडीगढ़ में रियल एस्टेट फर्मों, बिल्डरों और उनके सहयोगियों से जुड़े 12 स्थानों पर छापेमारी की। ईडी का यह अभियान ग्रेटर मोहाली क्षेत्र विकास प्राधिकरण (गमाडा) से भूमि उपयोग परिवर्तन (सीएलयू) लाइसेंस प्राप्त करने में बड़े पैमाने पर कथित अनियमितताओं की जांच करने के लिए चलाया गया। छापेमारी के दौरान ही मोहाली के वेस्टर्न टावर्स से पैसों से भरा बैग नौवीं मंजिल से गिराए जाने की घटना सामने आई, जिसके बाद अकाली दल के सीनियर नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने आरोप लगाया कि ईडी की ओर से जिन स्थानों पर बिल्डरों के यहां छापे मारे गए हैं, वह सभी मुख्यमंत्री के ओएसडी के करीबी हैं।
