चंडीगढ़। पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री और कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने भाजपा की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’और पंजाब में बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर केंद्र एवं पंजाब सरकार पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा की नशा मुक्त पंजाब यात्रा बुरी तरह फेल साबित हुई है। यात्रा पर सवाल उठाते हुए कहा कि भाजपा को पहले अपनी यात्रा का हाल देखना चाहिए। उन्होंने कहा कि जिस पठानकोट से इस यात्रा की शुरुआत की गई, वह भाजपा का मजबूत गढ़ माना जाता है। पठानकोट और सुजानपुर इन दो विधानसभा क्षेत्रों में भी भाजपा अपनी यात्रा के दौरान प्रभावी भीड़ नहीं जुटा सकी। जिस जगह से यात्रा शुरू हुई, वहां भी 3 हजार लोगों का आंकड़ा पार नहीं हो पाया। इससे साफ है कि पंजाब की जनता भाजपा के इस अभियान को किस नजर से देख रही है।
उन्होंने कहा कि पंजाब में नशे की समस्या गंभीर है और इस पर राजनीति करने के बजाय केंद्र और पंजाब सरकार को मिलकर ठोस कार्रवाई करनी चाहिए। रंधावा ने कहा कि उन्होंने नशे, गैंगस्टरवाद, सीमा पार से ड्रोन गतिविधियों और हथियारों के मुद्दे पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को कई बार पत्र लिखे हैं, लेकिन अभी तक ठोस कार्रवाई को लेकर जवाब सामने नहीं आया है। यदि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पंजाब आ रहे हैं तो उन्हें केवल राजनीतिक कार्यक्रमों तक सीमित रहने के बजाय पंजाब से जुड़े गंभीर सुरक्षा सवालों का भी जवाब देना चाहिए।
लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में हुए घटनाक्रम पर रंधावा ने कहा कि पुलिस को समय रहते कार्रवाई करनी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि विरोध कई दिनों तक चलता रहा और राष्ट्रीय राजमार्ग भी प्रभावित रहा, लेकिन पुलिस ने समय पर प्रभावी कदम नहीं उठाए। पंजाब की कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक है। चितकारा यूनिवर्सिटी हो या फिर लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी हो या पंजाब का कोई अन्य जिला, हर जगह कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। पुलिस को ऐसी परिस्थितियों में समय रहते कार्रवाई करनी चाहिए ताकि हालात बिगड़ने से रोके जा सकें।
भाजपा की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’को प्रदेश की जनता ने नकारा : रंधावा
